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1.विस्रावण योग्य रोग के नाम 

शशी के ससुर के ओष्ठ में कृमि से PUS हुआशालू के दंत तालु 

  • -श्लीपद
  • शी-शीताद
  • ससुर-शोषिर्य
  • ओष्ठ-ओष्ठ्गत रोग
  • कृमि-कृमि दंत
  • P-पाली रोग
  • U-उपकुश
  • S-शोथ
  • शालू-गलशालुक कण्ठशालुक
  • के-कुष्ठ
  • दंत-दंतवेष्टक
  • तालु-तालु कण्टक

2.विष वाली जलोकाओ के नाम

कृष्ण का अलगई सा गोचन्दन

  • कृष्ण -कृष्णा
  • का– कर्बुरा
  • अलग– अलगर्दा
  • – इंद्रयुधा
  • सा-सामुद्रिका
  • गोचन्दन-गोचन्दना

3.विषरहित वाली जलोकाओ के नाम 

कपिल के पिता शंकर मूषक पे सवार हूए

  • कपिल-कपिला
  • पि-पिंगला
  • शं-शंखमुखी
  • मूषक-मुषिका
  • -पुण्डरीक
  • सवार-सवारिका

4.प्रमेह पिडिंका के 7 नाम

चरक अनुसार-
शराबी कछुआ जाली से ढका , SAVI विद्रग्ध

  • शराबी-शराबिका
  • कछुआ-कछपिका
  • जाली-जालिनी
  • S-सर्षपी
  • A-अलजी
  • Vi-विनता
  • विद्रग्ध-विद्रधि

5.अष्ठविध शस्त्र कर्म 

छेभे लेबे ऐ आ वीस

  • छे-छेदन
  • भे-भेदन
  • ले-लेखन
  • बे-बेधन
  • -ऐषण
  • -आहरण
  • वि-विस्रावण
  • सी-सीवन